मुहासे होने का मुख्य कारण हैं त्वचा पर जीवाणु का जमा हो जाना। इस वजह से त्वचा उस जगह से फूल जाती है और उसमे पस जमा हो जाती है। त्वचा ज्यादा तेलिया (ऑयली) हैं यह तेल ग्रंथियों से तेल का अधिक उत्सर्जन त्वचा के छिद्रों को बंद कर मुंहासों को जन्म देता है। मृत त्वचा को न हटाना भी छिद्रों को बंद कर देता है। शारीरिक और हार्मोन में बदलाव लड़कियों और लड़कों में सिबेसियस ग्रंथि को उत्तेजित करता है जिससे अधिक तेल का उत्पादन होता है।  पिम्पल के इलाज के लिए बाज़ार में बहुत से लोशन और मेडिसिन मिलते हैं लेकिन पिम्पल को ठीक करनें में समय लगता हैं | यहां हम कम समय में पिम्पल को ठीक करने के बहुत से प्राकृतिक तरीके बता रहें हैं जिससे पिम्पल का घरेलू इलाज किया जा सकता हैं |

बर्फ ( Ice ) के इस्तेमाल से :-

एक कपड़े में बर्फ को लपेट लें | कुछ सेकंड तक पिम्पल की जगह पर रखें | फिर हटा लें | थोड़ी देर बाद फिर पिम्पल की जगह पर बर्फ रखें | इसी तरह कई बार करें |

बर्फ ( ice ) के इस्तेमाल से पिम्पल की लाली ( redness ) , सूजन ( swelling ) और जलन ( inflammation ) से तुरन्त आराम मिलता है | बर्फ लगाने से प्रभावित हिस्से में खून के बहाव ( blood circulation ) में सुधार करता है |  मुंहासे होने की वजह से त्‍वचा के पोर्स काफी बड़े हो जाते हैं। इसको कम करने के लिए और दाग को हटाने के लिए चेहरे पर 15 मिनट तक बर्फ से मालिश करनी चाहिये।

मुहाँसे – प्राकृतिक घरेलू उपचार

  • 1/2 कप मुल्तानी मिट्टी को रात भर पानी में भिगो दीजिये.
  • सुबह इस भीगी हुई मुल्तानी मिट्टी में 2 चम्मच गुलाबजल और कुछ बूँदें जैतून के तेल की डालकर लेप बना लीजिये.
  • इस लेप को मुहाँसों पर अच्छी तरह लगायें.
  • सूखने पर गुनगुने पानी से धो लें.
  • रोज़ाना इसे लगाना चाहिये. इससे कुछ ही दिनों में मुहाँसे ठीक हो जाते हैं.

नींबू ( Lemon) का प्रयोग

नीबू का रस ( lemon juice ) लगाने से पिम्पल से जल्द छुटकारा मिल जाता हैं | नीबू में विटामिन सी (Vitamin C) अधिक मात्रा में होता है | नीबू का रस पिम्पल को जल्द सुखा देने में मदद करता है |

  • एक कटोरे में ताज़ा नीबू का रस ( fresh lemon juice ) निकाल लें | सोने से पहले , एक रूई ( cotton ) का टुकड़ा नीबू के रस में डुबो कर पिम्पल पर लगाएं |
  • एक कटोरे में एक चम्मच ताज़ा नीबू का रस ( fresh lemon juice ) और एक चम्मच दालचीनी पाउडर ( Cinnamon powder ) मिला कर फेट लें | फिर इस मिश्रण को पिम्पल पर लगा कर रातभर छोड़ दें | फिर सुबह गुनगुने पानी से स्किन को साफ़ कर लें |

जायफल/जायफल से मुहासे का घरेलू इलाज

जायफल एक बहुत ही एफेक्टिव पिंपल दूर करने का तरीका है, इसके पाउडर में पानी या काउ (Cow) का कक्चा दूध मिलकर पिंपल पर लगाइए. 10 मिनिट्स के बाद इस धो लीजिए, एसा डेली करने से आपकी प्राब्लम सॉल्व हो जाएगी.

चावल का उपयोग

रातभर एक कप चावल को भिगोयें। सुबह पानी को छानकर बचे अनाज को पीसकर लेप बना लें। इसमें कुछ बूंदें नींबू रस की मिला लें। इस लेप को कील मुंहासों पर लगाकर 20 मिनट छोड़ने के बाद धुल दें।

बेकिंग सोडा का उपयोग

बेकिंग सोडा अतिरिक्त तेल और धूल को त्वचा से हटाने में मदद करता है जो मुंहासों से छुटकारा पाने में सहायता करता है। बेकिंग सोडा और नींबू रस का लेप बनाकर मुंहासों पर लगायें और कुछ मिनट बाद इसे साफ कर दें।

नीम का उपयोग

नीम और हल्‍दी– ताजी नीम की पत्‍तियों को बारीक पीस लीजिये, उसमें हल्‍दी पाउडर मिलाइये और इस फेस पैक को 20 मिनट के लिये चेहरे पर लगाइये। फिर ठंडे पानी से धो लीजिये। अगर नीम की पत्‍तियां न मिले तो नीम पाउडर को ही गरम पानी में मिला कर पेस्‍ट बना लें।

नीम स्‍प्रे– समय न होने की वजह से पैक लगाने का टाइम नहीं मिलता तो, ऐसे में कुछ नीम की पत्‍तियों को साफ पानी में या फिर गुलाबजल में रातभर भिगो कर रख दें और इसे किसी बोतल में भर कर हफ्ते भर प्रयोग करें। इसे फ्रिज में ठंडा कर लें। अपने थकान भरे चेहरे पर इसे स्‍प्रे करें।

स्टीमिंग (Steaming)

त्वचा को सॉफ-सुथरा रखने का यह सबसे उचित तरीका है , जब आप अपने चेहरे को स्टीम करती है, तब गरम भाप अपनी डेड स्किन को निकल देती है और चेहरे के रोम चिदार को साँस लेने में मदद करती है, चेहरे पर जितनी गंदगी और धूल मिट्टी चिपकी रहती है वह पोर के ज़रिए बाहर निकल आती है. जब स्किन के अंदर की टोलिए ग्रंथि से भर जाती है, तब पिंपल्स होने की ज़्यादा संभावना पैदा हो जाती है. ऐसे में स्टीमिंग कर  जमी गंदगी को बाहर निकाला जाता है, जिससे तेलिया ग्रंथि सही से काम कर सके.

Other Important Tips

डीहाइड्रेशन भी कील मुहासे के लिए ज़ीमेदर होती है, इसलिए रोजाना 2-3 लिटेर पानी और दूसरे हेल्ती फ्लूयिड्स जैसे कोकनट वॉटर, और जूसज़ पीने की कोशिश करें. पानी आपकी बॉडी हीट कम करने के साथ साथ आपके शरीर से टॉक्सिन्स भी बाहर निकाल देता है. शरीर की गर्मी और टॉक्सिन्स दोनो इस स्किन प्राब्लम के लिए ज़िमेदार होते .

अपने डाइयेट प्लान में फाइबर युक्त फुड्स शामिल करिए ये आपके पेट को सॉफ रखते है और कब्ज को होने से रोकते है इससे आपका खून साफ रहता है और आपको एक्नि की प्राब्लम नही होती.

  • क्लींजिंग (Cleansing)- चेहरे के पोर्स से तेल और गंदगी को साफ करने के लिये क्लींजर (Cleanser) का प्रयोग करें। उसके बाद अपने चेहरे को हल्के गुनगुने पानी से धो लें। दिन में दो तीन बार चेहरा धोएं। हफ्ते में दो बार फेस स्क्रब करें। इससे चेहरे की स्किन को सांस लेने में मदद मिलेगी और चेहरे पर ब्लैकहेड्स (Blackheads) भी नहीं होंगे।
  • टोनिंग (Toning), चेहरे की टोनिंग करना। चेहरे पर टोनर लगाइये जिससे स्किन के पोर्स बंद हो जाएं, नहीं तो खुले पोर्स में गंदगी फिर से जम सकती है। टोनर के रूप में गुलाब जल भी लगाया जा सकता है।