गले की खराश दूर करने के आयुर्वेदिक उपाय

गले की खराश दूर करने के आयुर्वेदिक उपाय

गले की खराश दूर करने के आयुर्वेदिक उपाय

गले में खराश रहना एक आम बात है जिससे हर उम्र के लोग परेशान रहते हैं।  गले में खराश भले ही मामूली जान पड़े, लेकिन यह आपके लिए काफी तकलीफदेह हो सकती है। गले में सूजन व दर्द के कारण आपकी रोजमर्रा की जिंदगी बुरी तरह प्रभावित होती है। आपका कुछ भी खाना-पीना भी मुश्किल हो जाता है। ऐसा अक्सर वायरस और बैक्टीरिया के संक्रमण के कारण होता है। इसके अलावा धूल, मिट्टी, पानी और तली भुनी चीज़ें खाने से प्रभावित होने की संभावना रहती है। ज़्यादा बातचीत करने, चीखने चिल्लाने, गाने का रियाज़ करने या ऊँची आवाज़ में बोल बोलकर पढ़ने से भी गला ख़राब हो सकता है। गले से जुड़ी समस्याओं को नज़रअंदाज़ करने की बजाय तुरंत सही उपचार करना चाहिए। प्राकृतिक आयुर्वेदिक उपाय गले में दर्द, खांसी, खराश और संक्रमण में काफ़ी राहत देते हैं।

लाभदायक है हल्दी का दूध

हल्दी में मौजूद गुण हमें कई बीमारियों से बचाते हैं। ठीक गले की इस समस्या का हल भी हल्दी में छिपा हुआ है। जी हां आप यदि दूध में थोड़ी सी हल्दी मिलाकर रात को सोने से पहले पीते हो इससे गले का संक्रमण दूर हो जाता है। और आप इस समस्या से आसानी से राहत पा सकते हो।

नमक पानी से गरारे

गले के खराश में नमक का पानी बहुत ही फायदेमंद है। नमक एंटी-बैक्टीरियल होता है, जिससे गले की खराश को आसानी से दूर किया जा सकता है। इसके लिए आप 1/4 नमक की चम्मच को गुनगुने पानी में डालकर उसे उबाल लें। उसे दिन में 3 से 4 बार गरारे कीजिए गले की खराश से राहत पाया जा सकता है।

हर्बल चाय

काली मिर्च, तुलसी व लौंग से बनी चाय पीने से गले में खराश की समस्या में आराम मिलता है। इन प्राकृतिक औषधियों से बनी गर्म चाय की चुस्कियों से गले को काफी राहत मिलती है, साथ ही यह चाय शरीर के लिए नुकसानदेह भी नहीं होती है।

लौंग

लौंग का इस्तेमाल उपचार के लिए सदियों से होता आ रहा है। गले की खराश के उपचार के लिए लौंग को मुंह में रखकर धीरे धीरे चबाना चाहिए। लौंग एंटीबैक्टीरियल गुणों से भरपूर होती है जो गले के इंफेक्शन और सूजन को दूर करती है।

ना भूलें पानी पीना

दोस्तों गले में गंदगी व तेल के तत्व जमकर गले में खराश को करते हैं। इसलिए इसे दूर करने के लिए गुनगुना पानी पीते रहना चाहिए। यही नहीं आपको दिन में अधिक से अधिक पानी का सेवन करना चाहिए।

लहसुन

लहसुन इंफेक्शन (infection) पैदा करने वाले जीवाणुओं को मार देता है। इसलिए गले की खराश में लहसुन बेहद फायदेमंद है। लहसुन में मौजूद एलीसिन (allicin) जीवाणुओं को मारने के साथ ही गले की सूजन और दर्द को भी कम करता है। उपचार के लिए गालों के दोनों तरफ लहसुन की एक एक कली रखकर धीरे धीरे चूसते रहें। जैसे जैसे लहसुन का रस गले में जाएगा वैसे वैसे आराम मिलता रहेगा।